शवघर का आख़िरी राज़

शवघर का आख़िरी राज़ एक अजीब फोन कॉल रात के करीब 1:17 बजे, इंस्पेक्टर अयान वर्मा का फ़ोन अचानक बज उठा। इस वक्त कॉल आना आमतौर पर मतलब होता था […]

अंतिम गवाह की परछाई

अंतिम गवाह की परछाई भैरमपुर कस्बे में हुई रहस्यमयी हत्या के पीछे का सच, जहाँ एकमात्र गवाह की खामोशी सब कुछ बदल देती है। पढ़ें यह भावनाओं और सस्पेंस से […]

आखिरी सुराग की तलाश

“आखिरी सुराग की तलाश” आखिरी सुराग की तलाश कहानी में आपका स्वागत है। उम्मीद आपको यह कहानी जरूर पसंद आएगी। शाम के 6 बज चुके थे। लखनऊ की सर्द हवाओं […]

आखिरी गवाह की चुप्पी

आखिरी गवाह की चुप्पी आज की कहानी है “आखिरी गवाह की चुप्पी” शाम का वक़्त था। दिल्ली के करोल बाग की तंग गलियों में अंधेरा धीरे-धीरे उतर रहा था। हल्की-हल्की […]

मौत का सौदा

मौत का सौदा राजीव कुएँ के अंदर गिर तो गया, लेकिन सौभाग्य से नीचे हड्डियों के बीच कुछ कपड़े और पुराना घास था, जिससे उसकी हड्डियाँ टूटने से बच गईं। […]

अंतिम रात का सच

अंतिम रात का सच रात करीब 2:30 बजे हो चुकी थी। बाहर हवाएँ और तेज़ हो गई थीं, जैसे कोई अदृश्य ताकत गाँव के हर दरवाज़े को हिला रही हो। […]

शापित हवेली का आखिरी कमरा – भाग 1

शापित हवेली का आखिरी कमरा उत्तराखंड के पहाड़ों में बसे छोटे से गाँव बिरसिंगपुर के पास, जंगल के बीच एक पुरानी हवेली थी। लोग उसे “शापित हवेली” कहते थे। गाँव […]

पगडंडी से मंज़िल तक

पगडंडी से मंज़िल तक उत्तर प्रदेश के एक छोटे से गाँव बरुआ में रहने वाला अरुण बचपन से ही गरीब था। मिट्टी की दीवारों वाला घर, एक टूटी-फूटी चारपाई और […]

वो आख़िरी कॉफ़ी

वो आख़िरी कॉफ़ी दिल्ली की ठंडी शाम थी। कनॉट प्लेस के एक छोटे से कैफ़े में लोग अपने-अपने कप में चाय और कॉफ़ी की गर्माहट घोल रहे थे। अयान ने […]